
अगर आप 12वीं के बाद कॉलेज, यूनिवर्सिटी या किसी अन्य उच्च शिक्षण संस्थान में पढ़ाई करना चाहते हैं, लेकिन फीस ज्यादा होने के कारण आर्थिक परेशानी का सामना कर रहे हैं, तो PM Vidyalaxmi Yojana 2026 आपके लिए महत्वपूर्ण हो सकती है। इस योजना का उद्देश्य ऐसे योग्य विद्यार्थियों को उच्च शिक्षा के लिए Education Loan की सुविधा उपलब्ध कराना है, जिनके परिवार के लिए पढ़ाई का खर्च उठाना मुश्किल है।
PM-Vidyalaxmi के तहत पात्र विद्यार्थियों को बिना collateral और third-party guarantor के education loan प्राप्त करने की सुविधा दी जाती है। इसके अलावा, निर्धारित आय सीमा वाले विद्यार्थियों को education loan पर interest subvention यानी ब्याज में सरकारी सहायता भी मिल सकती है।
इस योजना को केंद्र सरकार ने 6 नवंबर 2024 को मंजूरी दी थी। बाद में विद्यार्थियों के लिए PM-Vidyalaxmi Portal को एक डिजिटल platform के रूप में उपलब्ध कराया गया, जहां education loan के लिए आवेदन और application status को online देखा जा सकता है।
PM Vidyalaxmi Yojana 2026 क्या है?

PM Vidyalaxmi एक Central Sector Scheme है, जिसे योग्य विद्यार्थियों को उच्च शिक्षा के लिए education loan तक आसान पहुंच देने के उद्देश्य से शुरू किया गया है।योजना के अंतर्गत ऐसे विद्यार्थियों को फायदा मिल सकता है जिन्हें देश के निर्धारित Quality Higher Education Institutions (QHEIs) में merit-based admission मिला है और वे education loan लेना चाहते हैं।इस योजना की खास बात यह है कि पात्र विद्यार्थियों को education loan के लिए सामान्य रूप से collateral यानी संपत्ति की सुरक्षा या third-party guarantor देने की जरूरत नहीं होती।
सरकार की जुलाई 2026 की जानकारी के अनुसार, PM-Vidyalaxmi के तहत 1,12,817 collateral-free और guarantor-free education loans मंजूर किए जा चुके थे, जिनकी कुल राशि ₹15,634.78 करोड़ थी। इससे पता चलता है कि योजना का इस्तेमाल वास्तविक रूप से बड़ी संख्या में विद्यार्थी कर रहे हैं।
PM Vidyalaxmi Yojana 2026 के प्रमुख लाभ
इस योजना में विद्यार्थियों के लिए कई महत्वपूर्ण सुविधाएं हैं।
1. बिना collateral Education Loan
पात्र QHEI में merit-based admission लेने वाले विद्यार्थी बिना संपत्ति को security के रूप में दिए education loan प्राप्त कर सकते हैं। साथ ही योजना के तहत third-party guarantor की आवश्यकता भी नहीं होती।
2. ₹7.5 लाख तक के Loan पर 75% Credit Guarantee
₹7.5 लाख तक के eligible education loan पर भारत सरकार की ओर से 75% credit guarantee उपलब्ध कराई जाती है। इसका उद्देश्य बैंकों को विद्यार्थियों तक education loan की पहुंच बढ़ाने के लिए प्रोत्साहित करना है।
ध्यान रखें कि इसका मतलब यह नहीं है कि सरकार हर विद्यार्थी को सीधे ₹7.5 लाख देगी। यह बैंक द्वारा दिए गए eligible education loan पर सरकार की credit guarantee व्यवस्था है।
3. ₹8 लाख तक पारिवारिक आय वालों के लिए 3% Interest Subvention
जिन विद्यार्थियों के परिवार की वार्षिक आय ₹8 लाख तक है, उन्हें पात्रता पूरी होने पर ₹10 लाख तक के education loan पर 3% interest subvention मिल सकता है।
यह benefit निर्धारित नियमों और उपलब्ध annual slots के अनुसार दिया जाता है। सरकार ने हर साल अधिकतम एक लाख fresh students के लिए इस 3% interest subvention का प्रावधान किया है।
4. ₹4.5 लाख तक आय वाले विद्यार्थियों के लिए अलग सहायता
₹4.5 लाख तक की वार्षिक पारिवारिक आय वाले पात्र विद्यार्थियों के लिए पहले से उपलब्ध full interest subsidy का प्रावधान भी जारी है। यह PM-Vidyalaxmi के 3% interest subvention से अलग व्यवस्था है। इसलिए दोनों योजनाओं को एक ही benefit समझना सही नहीं होगा।
PM Vidyalaxmi Yojana 2026 Eligibility
PM Vidyalaxmi का लाभ लेने से पहले eligibility देखना जरूरी है। योजना के मुख्य नियमों के अनुसार विद्यार्थी को निर्धारित quality higher education institution में merit-based admission प्राप्त होना चाहिए।
सरकार की वर्तमान जानकारी के अनुसार PM-Vidyalaxmi के दायरे में 1,425 Quality Higher Educational Institutions (QHEIs) शामिल हैं। इनमें सरकारी और निजी दोनों प्रकार के संस्थान शामिल हो सकते हैं।
मुख्य रूप से इन बातों का ध्यान रखना चाहिए:
• विद्यार्थी को eligible QHEI में admission मिला होना चाहिए।
• Admission merit के आधार पर होना चाहिए।
• Education loan लेने के लिए विद्यार्थी को संबंधित बैंक की loan eligibility भी पूरी करनी होगी।
• 3% interest subvention के लिए पारिवारिक आय ₹8 लाख तक होने की शर्त लागू होती है।
• Management quota और NRI quota में admission लेने वाले विद्यार्थी इस योजना के benefit के लिए eligible नहीं हैं।
• Interest subvention का लाभ लेने के लिए अन्य सरकारी scholarship या interest-subvention benefit से संबंधित शर्तें भी लागू हो सकती हैं।
इसलिए केवल family income कम होने से योजना का लाभ अपने आप नहीं मिलता। Institution, admission और अन्य निर्धारित conditions भी देखी जाती हैं।
PM Vidyalaxmi Yojana में कितना Education Loan मिलेगा?
यहां एक जरूरी बात समझना बहुत जरूरी है।
PM-Vidyalaxmi को ऐसी योजना नहीं समझना चाहिए जिसमें हर विद्यार्थी को एक fixed amount सीधे सरकार से मिलता है। Education loan बैंक द्वारा विद्यार्थी की eligibility, course, institution और loan requirements के आधार पर sanction किया जाता है।
योजना में ₹7.5 लाख तक के loan पर 75% credit guarantee का प्रावधान है। वहीं ₹8 लाख तक annual family income वाले eligible students के लिए ₹10 लाख तक के education loan पर 3% interest subvention का प्रावधान है।
सरकारी जानकारी यह भी स्पष्ट करती है कि education loan की सबसे ऊपरी राशि पर कोई सामान्य fixed ceiling निर्धारित नहीं है; loan amount बैंक और संबंधित education expenses के आधार पर तय हो सकता है।
PM Vidyalaxmi Yojana 2026 Apply Online कैसे करें?

PM-Vidyalaxmi Portal के जरिए education loan application की प्रक्रिया online की जा सकती है।
आवेदन करने के लिए विद्यार्थी को सबसे पहले PM-Vidyalaxmi Portal पर registration करना होता है। Portal पर उपलब्ध official process के अनुसार सामान्य प्रक्रिया इस प्रकार है:
Step 1: PM-Vidyalaxmi Portal पर registration करें।
Step 2: Login करने के बाद Apply Loan विकल्प चुनें।
Step 3: अपनी personal information भरें।
Step 4: Course और education से जुड़ी जानकारी दर्ज करें।
Step 5: मांगे गए documents upload करें।
Step 6: अपनी जरूरत और eligibility के अनुसार bank branch का चयन करें।
Step 7: आवेदन में भरी गई जानकारी को अच्छी तरह check करें।
Step 8: Application को final submit करें।
Portal पर विद्यार्थी loan application का status भी track कर सकता है। Official portal के अनुसार eligible students interest subvention के लिए भी आवेदन/claim कर सकते हैं।
PM Vidyalaxmi Yojana 2026 में आवेदन करने से पहले इन बातों का रखें ध्यान
आवेदन करने से पहले अपने admission और college की eligibility जरूर verify करें। साथ ही income certificate और academic documents जैसी आवश्यक जानकारी तैयार रखें।
सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि “बिना गारंटी loan” का मतलब “बिना repayment वाला पैसा” नहीं है। यह education loan है, जिसे बैंक की निर्धारित शर्तों के अनुसार वापस करना होता है। सरकार की credit guarantee बैंक के loan risk को support करती है; इससे विद्यार्थी का loan अपने आप माफ नहीं हो जाता।
इसी तरह 3% interest subvention को भी सीधे cash scholarship न समझें। यह eligible education loan के interest burden को कम करने के लिए दी जाने वाली सरकारी सहायता है।
PM Vidyalaxmi Yojana Loan Repayment कैसे होगा?

PM Vidyalaxmi Yojana के तहत मिलने वाला पैसा Education Loan है, scholarship या free money नहीं। इसलिए विद्यार्थी को loan की राशि बैंक को वापस चुकानी होती है।
सरकारी जानकारी के अनुसार education loan की repayment अवधि moratorium period को छोड़कर अधिकतम 15 वर्ष तक हो सकती है। Moratorium period सामान्यतः course की अवधि + 1 वर्ष है। इसका मतलब है कि पढ़ाई के दौरान और course पूरा होने के बाद निर्धारित एक वर्ष की अवधि तक विद्यार्थी को loan repayment शुरू करने से राहत मिल सकती है। इसके बाद बैंक के loan terms के अनुसार EMI शुरू होती है।
उदाहरण के तौर पर अगर किसी विद्यार्थी का course 4 साल का है, तो सामान्य नियम के अनुसार moratorium period course के 4 साल और उसके बाद 1 साल यानी कुल 5 साल हो सकता है। इसके बाद repayment period शुरू हो सकता है और loan को अधिकतम 15 वर्ष तक की निर्धारित repayment अवधि में चुकाया जा सकता है।
हालांकि वास्तविक EMI, repayment schedule और अन्य loan conditions संबंधित बैंक के sanction letter और लागू नियमों पर निर्भर करेंगे। इसलिए विद्यार्थी को loan sanction होने के बाद बैंक द्वारा दिए गए repayment schedule को ध्यान से पढ़ना चाहिए।
क्या PM Vidyalaxmi Yojana का Loan माफ हो जाता है?
नहीं। PM Vidyalaxmi Yojana का education loan अपने आप माफ नहीं होता।इस योजना में सरकार का उद्देश्य विद्यार्थियों को higher education के लिए आसान शर्तों पर education loan उपलब्ध कराना है। 75% credit guarantee का अर्थ यह नहीं है कि सरकार विद्यार्थी की loan राशि का 75% वापस करेगी। यह व्यवस्था lending institution के credit risk को कम करने के लिए है।
इसी तरह 3% interest subvention को भी loan waiver नहीं समझना चाहिए। पात्र विद्यार्थियों को निर्धारित नियमों के अनुसार moratorium period के दौरान interest पर सरकारी सहायता मिलती है। इसके बाद loan repayment की जिम्मेदारी विद्यार्थी पर बनी रहती है।
PM Vidyalaxmi Yojana में Interest Rate कितना है?
PM-Vidyalaxmi के तहत education loan पर interest rate को भी नियंत्रित किया गया है। सरकारी जानकारी के अनुसार योजना के अंतर्गत interest rate संबंधित बैंक के Externally Benchmarked Lending Rate (EBLR) + 0.5% से अधिक नहीं होना चाहिए।इसके अलावा, यदि विद्यार्थी study और moratorium period के दौरान interest service करता है, तो बैंक की ओर से अधिकतम 1% अतिरिक्त interest concession का प्रावधान हो सकता है। इसकी वास्तविक उपलब्धता बैंक के लागू नियमों पर निर्भर करेगी।
इसलिए article में यह दावा नहीं करना चाहिए कि हर विद्यार्थी को एक ही fixed interest rate पर loan मिलेगा। Interest rate बैंक और उस समय लागू lending benchmark के अनुसार निर्धारित होगा।
3% Interest Subvention कैसे काम करती है?
PM Vidyalaxmi Yojana का एक महत्वपूर्ण benefit eligible विद्यार्थियों के लिए 3% interest subvention है।
जिन विद्यार्थियों की annual family income ₹8 लाख तक है और जो योजना की अन्य eligibility conditions पूरी करते हैं, उन्हें ₹10 लाख तक के education loan पर moratorium period के दौरान 3% interest subvention मिल सकती है।अगर loan amount ₹10 लाख से अधिक है, तो निर्धारित नियमों के अनुसार interest subvention की गणना अधिकतम ₹10 लाख तक के disbursed principal पर की जाती है। यानी ₹10 लाख से ज्यादा के पूरे loan पर 3% subsidy लागू होने का अर्थ नहीं है।
हर साल अधिकतम 1 लाख fresh students को PM-Vidyalaxmi के तहत 3% interest subvention का benefit दिया जा सकता है। इसलिए केवल income criteria पूरा करने से benefit की automatic guarantee नहीं मानी जानी चाहिए।
PM Vidyalaxmi Yojana में कौन-सा खर्च Loan में शामिल हो सकता है?
Education loan केवल tuition fee तक सीमित नहीं हो सकता। सरकारी जानकारी के अनुसार loan की आवश्यकता course fee और QHEI द्वारा लिए जाने वाले अन्य शुल्कों के साथ-साथ hostel, mess, reasonable quality laptop और course के दौरान आवश्यक reasonable living expenses जैसी जरूरतों से जुड़ी हो सकती है।
इसका मतलब है कि विद्यार्थी को application करते समय अपने वास्तविक education expenses की सही जानकारी देनी चाहिए।
PM Vidyalaxmi Yojana में Academic Performance क्यों जरूरी है?
योजना के लाभ को जारी रखने के लिए विद्यार्थी का course में enrolled रहना और satisfactory academic performance बनाए रखना महत्वपूर्ण है।सरकारी जानकारी के अनुसार दूसरे वर्ष से interest subvention का benefit जारी रखने के लिए विद्यार्थी को satisfactory academic performance बनाए रखना होता है। यदि विद्यार्थी course बीच में छोड़ देता है या academic/disciplinary कारणों से institution से बाहर हो जाता है, तो योजना के benefits पर असर पड़ सकता है।
इसलिए PM Vidyalaxmi का लाभ लेने वाले विद्यार्थियों को केवल loan application ही नहीं, बल्कि course की academic requirements पर भी ध्यान देना चाहिए।
PM Vidyalaxmi Yojana में एक विद्यार्थी कितनी बार Benefit ले सकता है?
Interest subvention और credit guarantee benefits का लाभ undergraduate, postgraduate या integrated course के लिए एक बार उपलब्ध होने की शर्त है। इसलिए विद्यार्थी को यह मानकर नहीं चलना चाहिए कि वह हर अलग degree के लिए बार-बार योजना का वही benefit ले सकेगा।
PM Vidyalaxmi Yojana 2026: FAQs
Q.PM Vidyalaxmi Yojana कब शुरू हुई?
केंद्र सरकार ने PM-Vidyalaxmi Scheme को 6 नवंबर 2024 को मंजूरी दी थी।
Q.क्या PM Vidyalaxmi Yojana में बिना गारंटी education loan मिलता है?
हां, पात्र QHEI में merit-based admission लेने वाले विद्यार्थियों को collateral-free और guarantor-free education loan की सुविधा मिल सकती है, नियम और बैंक की प्रक्रिया के अनुसार।
Q.क्या ₹8 लाख income वाले सभी छात्रों को 3% subsidy मिलेगी?
सिर्फ income ₹8 लाख तक होना पर्याप्त नहीं है। विद्यार्थी को योजना की अन्य eligibility conditions भी पूरी करनी होंगी और 3% interest subvention के लिए निर्धारित annual limit भी लागू होती है।
Q.PM Vidyalaxmi में 3% interest subsidy कितने loan पर मिलती है?
निर्धारित eligibility पूरी करने वाले विद्यार्थियों के लिए ₹10 लाख तक के education loan पर 3% interest subvention का प्रावधान है।
Q.क्या Management Quota से admission लेने वाले छात्र eligible हैं?
नहीं। Official PM-Vidyalaxmi FAQ के अनुसार Management Quota admission इस benefit के लिए eligible नहीं है।
निष्कर्ष
PM Vidyalaxmi Yojana 2026 का सबसे बड़ा फायदा यह है कि eligible students को quality higher education के लिए education loan प्राप्त करने में financial barrier कम करने में मदद मिलती है। योजना के तहत collateral और third-party guarantor के बिना loan की सुविधा, ₹7.5 लाख तक के loan पर 75% credit guarantee और पात्र विद्यार्थियों के लिए ₹10 लाख तक के loan पर 3% interest subvention जैसी सुविधाएं दी गई हैं।
लेकिन विद्यार्थी को यह बात हमेशा याद रखनी चाहिए कि यह loan है, loan waiver नहीं। Course और moratorium period के बाद repayment शुरू होती है और निर्धारित नियमों के अनुसार repayment period अधिकतम 15 वर्ष तक हो सकती है।
इसलिए PM Vidyalaxmi के लिए आवेदन करने से पहले अपने eligible institution, course, family income, loan requirement और repayment capacity की जानकारी अच्छी तरह समझना जरूरी है। इससे विद्यार्थी योजना का लाभ लेने के साथ-साथ भविष्य की EMI का भी सही तरीके से अनुमान लगा सकता है।